मुख्यमंत्री ने छात्र-छात्राओं को निःशुल्क लैपटॉप बांटे
स्थाई रोज़गार के साधन मिलने तक बेरोज़गारी भत्ता वितरण-मुख्यमंत्रीस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Wednesday 13 March 2013 04:20:09 AM
लखनऊ। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आरोप-प्रत्यारोप और विवादों के बीच प्रदेश में 12वीं पास छात्र-छात्राओं को निःशुल्क लैपटॉप प्रदान करने की योजना की शुरूआत की। इस मौके पर उन्होंने कहा कि छात्र-छात्राओं को निःशुल्क लैपटॉप उपलब्ध कराकर प्रदेश सरकार इन्हें संसाधन युक्त युवाओं के समकक्ष खड़ा होने का अवसर उपलब्ध करा रही है, मुख्यमंत्री ने कहा कि तेजी से विकसित हो रही दुनिया से जुड़ने के लिए सरकार ने युवाओं को लैपटॉप वितरित करने का निर्णय लिया। लखनऊ में कॉल्विन ताल्लुकेदार कॉलेज के परिसर में आयोजित भव्य कार्यक्रम में लगभग 10 हजार छात्र-छात्राओं को लैपटॉप वितरित किए गए।
पत्नी और सांसद डिंपल यादव के साथ लैपटॉप वितरण समारोह में आए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने स्वयं 51 छात्र-छात्राओं को लैपटॉप वितरित कर योजना की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि इस योजना से नवयुवकों, उनके परिवारों तथा प्रदेश के माहौल में व्यापक परिवर्तन होगा, प्रदेश के नौजवानों को लैपटॉप वितरण योजना का बेसब्री से इंतजार था। उन्होंने कहा कि पहिए की खोज के बाद इंटरनेट की खोज का सबसे अधिक एवं प्रभावी असर दुनिया पर पड़ा है, पूरा विश्व इंटरनेट की सुविधा के बाद छोटा प्रतीत होने लगा है, इस तकनीकी व्यवस्था से शिक्षा सहित तमाम क्षेत्रों में काफी बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि उपलब्ध कराए जा रहे लैपटॉप में हिंदी, अंग्रेजी तथा उर्दू भाषा में कार्य करने की सुविधा दी गई है, इस योजना को लागू कर राज्य सरकार ने डिजिटल डिवाइड को खत्म करने का काम किया है।
अखिलेश यादव ने प्रदेश में व्याप्त बेरोज़गारी को रेखांकित करते हुए कहा कि यह पिछली सरकार की देन है, क्योंकि तब राज्य में रोज़गार पैदा करने का कोई प्रयास नहीं किया गया, वर्तमान सरकार प्रदेश में उद्योग-धंधों की स्थापना के लिए प्रयास कर रही है, जब तक प्रदेश के नौजवानों को स्थाई रोज़गार के साधन उपलब्ध नहीं हो जाते तब तक उनके मन में व्याप्त निराशा को दूर करने के लिए सरकार ने बेरोज़गारी भत्ता वितरण करने का निर्णय लिया है। उन्होंने राजनैतिक दलों के घोषणा पत्र को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि कुछ दलों ने अपना घोषणा पत्र ही जारी नहीं किया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार की कथनी एवं करनी में कोई अंतर नहीं है, इसीलिए लगभग 1 वर्ष में ही सरकार ने जनता से वादों को पूरा करने का प्रयास किया है।
इस मौके पर लोक निर्माण, सिंचाई एवं सहकारिता मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने स्वास्थ्य मंत्री अहमद हसन, मुख्य सचिव जावेद उस्मानी ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार का प्रदेश के युवाओं से किया गया एक वायदा पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एचपी कंपनी को 15 लाख लैपटॉप उपलब्ध कराने को कहा गया है। दुनिया में किसी भी फर्म को लैपटॉप आपूर्ति करने का यह सबसे बड़ा कार्य आदेश है। इस अवसर पर माध्यमिक शिक्षा राज्य मंत्री विनोद कुमार उर्फ पंडित सिंह तथा सचिव माध्यमिक शिक्षा पार्थ सारथी सेन शर्मा, प्रदेश सरकार के अनेक मंत्री, राज्य योजना आयोग के उपाध्यक्ष एनसी बाजपेई, जनप्रतिनिधि तथा लखनऊ जनपद के विभिन्न कालेजों के लाभार्थी छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।
उधर भारतीय जनता पार्टी ने लैपटाप वितरण समारोह को अखिलेश सरकार का चुनावी शो बताया। भाजपा प्रवक्ता विजय बहादुर पाठक ने कहा कि लैपटाप पर सपा प्रमुख के चित्र को प्रकाशित करना राजनैतिक मर्यादाओं के साथ खिलवाड़ है, लैपटाप वितरण में चयन के आधार को लेकर तमाम शिकायतें आ रही हैं। राज्य मुख्यालय पर संवादाताओं से चर्चा में भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि चौतरफा नाकामियों से घिरी अखिलेश सरकार इस योजना से भी वाहवाही लूटने में लगी है, सरकार यह स्पष्ट करे कि इस समारोह में कितना व्यय किया गया है? सपा सरकार में योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचे इसकी चिंता के बजाय वाहवाही लूटने में ज्यादा रूचि ली जा रही है। योजनाओं के लाभार्थियों को जितना मिल रहा है, उससे ज्यादा समारोहों पर खर्च हो रहा है।
उन्होंने सरकार की नीति और नियत पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि इसी मंच पर जब सरकार ने बेरोज़गारी भत्ता बांटा था तो भाजपा ने प्रश्न कर कहा था कि जितना धन बंटा है, उससे ज्यादा इसे बांटने वाले समारोह पर खर्च हो रहा है। तब महज विपक्षी आलोचना के तहत पार्टी के कहे को माना गया, परंतु अब तो यह खुलासा हो गया है कि 12 करोड़ 49 लाख 38 हजार रूपए तो बेरोज़गारी भत्ता बांटने वाले समारोहों पर सरकार ने खर्च कर दिए है, जबकि इस अवधि मे कुल 8 करोड़ 54 लाख 35 हजार बेरोज़गारों को भत्ते के रूप दिए गए, इससे स्पष्ट है कि प्रचार, भव्य समारोह आयोजित करने में ज्यादा रूचि रही। पूरी सरकार महज तुष्टिकरण को ध्यान में रख कर काम कर रही है।