अदाणी कॉनेक्स और एयरटेल एनएक्सट्रा के बीच साझेदारी
गूगल क्लाउड इंडिया एआई हब का शिलान्यास किया गयास्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Wednesday 29 April 2026 01:47:08 PM
विशाखापत्तनम। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी, रेल और सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा हैकि मजबूत नीतिगत समर्थन और दूरदर्शी नेतृत्व केसाथ भारत, इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण क्षेत्रमें विश्व के प्रमुख विश्वसनीय मूल्य श्रृंखला और आपूर्ति श्रृंखला भागीदारी केलिए तैयार है। अश्विनी वैष्णव विशाखापत्तनम में गूगल क्लाउड इंडिया एआई हब के शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू, केंद्रीय मंत्री, राज्यमंत्री और उद्योग जगत के दिग्गज उपस्थित थे। लगभग 15 अरब अमेरिकी डॉलर के अनुमानित निवेश वाली यह परियोजना अदाणी कॉनेक्स और एयरटेल एनएक्सट्रा केसाथ साझेदारी में विकसित की जा रही है, जिसमें विशाखापत्तनम में 1 गीगावॉट का हाइपरस्केल एआई डेटा सेंटर शामिल होगा।
आंध्र प्रदेश सरकार ने इस परियोजना केलिए तुरलुवाड़ा, रमबिल्ली और अदाविवरम क्षेत्रों में लगभग 600 एकड़ भूमि आवंटित की है। अश्विनी वैष्णव ने उल्लेख कियाकि भारत सूचना प्रौद्योगिकी संबंधी सेवाओं में अग्रणी देश बन चुका है और अब इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण में तेजीसे प्रगति कर रहा है। अश्विनी वैष्णव ने कहाकि देश को सेमीकंडक्टर, क्वांटम, अंतरिक्ष और कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैसे प्रौद्योगिकी के प्रमुख क्षेत्रों में वैश्विक केंद्र के रूपमें उभरने की आवश्यकता है। उन्होंने कहाकि भारत ने मोबाइल विनिर्माण के क्षेत्रमें प्रगति की है और मोबाइल फोन देश के प्रमुख निर्यात उत्पादों में से एक बन गए हैं। उन्होंने कहाकि घरेलू इलेक्ट्रॉनिकी की मांग का लगभग 50 प्रतिशत हिस्सा अब स्थानीय उत्पादन से पूरा हो रहा है और सेमीकंडक्टर मिशन के अंतर्गत भारत में वाणिज्यिक उत्पादन शुरू हो चुका है।
अश्विनी वैष्णव ने कहाकि भारत सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन में विश्वसनीय भागीदार बन रहा है। उन्होंने गूगल सहित वैश्विक प्रौद्योगिकी कंपनियों से अपने सर्वर, जीपीयू और चिप्स का निर्माण देश में ही करने का आह्वान किया। उन्होंने इस परियोजना को परिवर्तनकारी बताते हुए कहाकि अत्याधुनिक बुनियादी ढांचे और वैश्विक निवेश के बलपर विशाखापत्तनम एआई पत्तनम (एआई सिटी) में बदल जाएगा। उन्होंने सूचना प्रौद्योगिकी के अनुकूल परिवेश विकसित करने केलिए मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू के दृष्टिकोण की सराहना की और कहाकि नया एआई डेटा सेंटर शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, एयरोस्पेस, लॉजिस्टिक्स और कृषि जैसे क्षेत्रों में क्रांतिकारी परिवर्तन लाएगा। उन्होंने विशाखापत्तनम से समुद्र के भीतर तीन ऐसे केबल बिछाने केलिए गूगल को धन्यवाद भी दिया, जो ऑस्ट्रेलिया, मध्य पूर्व, यूरोप, अफ्रीका और संयुक्तराज्य अमेरिका से होकर वैश्विक डिजिटल मार्गों को जोड़ते हैं।
उद्योग जगत के दिग्गजों ने परियोजना के रणनीतिक महत्व का विस्तारपूर्वक उल्लेख किया। गूगल क्लाउड ग्लोबल इंफ्रास्ट्रक्चर के उपाध्यक्ष बिकाश कोले ने कहाकि यह एआई हब विकसित भारत 2047 की नींव बनेगा और भारत के डिजिटल परिवर्तन तथा वैश्विक एआई अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। अदाणी समूह के अध्यक्ष जीत अदाणी ने कहाकि 1 गीगावॉट का हाइपरस्केल एआई डेटा सेंटर भारत की एआई यात्रा में महत्वपूर्ण मील का पत्थर है और विशाखापत्तनम को भारत केलिए नए डिजिटल प्रवेश द्वार के रूपमें स्थापित करेगा। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्रियों, वरिष्ठ राज्य मंत्रियों, संसद सदस्यों, उद्योग जगत के दिग्गज-गूगल, अदाणी समूह, एयरटेल एनएक्सट्रा जैसे संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।