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रेलवे की वित्तवर्ष 2025-26 में अभूतपूर्व उपलब्धियां!

रिकॉर्ड माल, ढुलाई उन्नत, यात्री सेवाएं व बुनियादी ढांचे का तीव्र विस्तार

देशभर में रेल संपर्क और यात्रा अनुभव में व्यापक सुधार हुए-रेल मंत्री

स्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम

Saturday 4 April 2026 06:23:36 PM

railways' unprecedented achievements in financial year 2025-26

नई दिल्ली। रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में भारतीय रेलवे की अभूतपूर्व प्रगति की जानकारी देते हुए कहा हैकि भारतीय रेलवे ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में व्यापक और महत्वपूर्ण प्रगति दर्ज की है, इसमें माल ढुलाई, यात्री सेवाओं, अवसंरचना विकास, सुरक्षा प्रणालियों, डिजिटल कार्यक्रमों, प्रौद्योगिकी एवं विनिर्माण में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने जैसे क्षेत्रोंमें उल्लेखनीय उपलब्धियां शामिल हैं। उन्होंने कहाकि ये उपलब्धियां आर्थिक गतिविधियों को गति देने, देशव्यापी संपर्क को सशक्त बनाने और सुगम एवं कुशल आवागमन सुनिश्चित करने में रेलवे की केंद्रीय भूमिका को उजागर करती हैं। उन्होंने माल ढुलाई और यात्री परिवहन में रिकॉर्ड प्रदर्शन, नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों सहित वंदे भारत सेवाओं के विस्तार, दुर्घटनाओं में कमी केसाथ उन्नत प्रणालियों से सुरक्षा में ऐतिहासिक सुधार, स्टेशन और टर्मिनल अवसंरचना सुदृढ़ बनाने जैसे प्रमुख पहलुओं का जिक्र किया। उन्होंने कहाकि इन प्रयासों से देशभर में रेल संपर्क व्यवस्था उन्नत हुई है और यात्रियों के समग्र अनुभव में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहाकि वर्षभर रेल परिचालन सुचारू रूपसे चलता रहा, प्रतिदिन लगभग 25000 ट्रेनें संचालित हुईं, इससे व्यापक संपर्क सुनिश्चित हुआ। उन्होंने कहाकि यात्रियों की मांग बढ़ने पर अतिरिक्त विशेष रेल सेवाएं शुरू की गईं, जिससे यात्रा में सुविधा और सुगमता में सुधार हुआ। रेलमंत्री ने कहाकि माल ढुलाई ने ऐतिहासिक ऊंचाई हासिल करते हुए इसवर्ष 1670 मिलियन टन की रिकॉर्ड लोडिंग दर्ज की, यह बढ़ोतरी भारतीय रेलवे की कोयला, सीमेंट, उर्वरक और खाद्यान्न जैसी प्रमुख वस्तुओं को कुशलतापूर्वक परिवहन करने की क्षमता को दर्शाती है, जिससे विभिन्न क्षेत्रोंमें महत्वपूर्ण आपूर्ति श्रृंखलाओं की निरंतरता एवं मजबूती सुनिश्चित होती है। उन्होंने कहाकि भारतीय रेलवे ने विनिर्माण क्षेत्रमें 1674 लोकोमोटिव का उत्पादन करके अपने 'मेक इन इंडिया' प्रयासों को और बढ़ाया है, यात्री केलिए रोलिंग स्टॉक का आधुनिकीकरण भी जारी है, इसके तहत 6677 एलएचबी कोचों का निर्माण किया गया, जिससे यात्रा अधिक सुरक्षित व आरामदायक हो गई है। उन्होंने कहाकि वंदे भारत स्लीपर रेलगाड़ियों की शुरुआत से यात्री सेवाओं में प्रगति हुई है, जिससे वंदे भारत और अमृत भारत ट्रेनों के मौजूदा बेड़े का विस्तार हुआ है। ये सेवाएं विशेष रूपसे लंबी दूरी की यात्राओं केलिए तेज, आधुनिक और अधिक यात्री अनुकूल विकल्प प्रदान करने की दिशामें महत्वपूर्ण कदम हैं।
अश्विनी वैष्णव ने कहाकि स्वदेशी कवच स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली के विस्तार केसाथ सुरक्षा पहलों को उल्लेखनीय गति मिली है, इसे अब 3100 किलोमीटर से अधिक मार्गों पर चालू किया जा चुका है, जबकि अतिरिक्त 24400 किलोमीटर मार्गों पर इसका कार्यांवयन प्रगति पर है। उन्होंने कहाकि यह प्रौद्योगिकी आधारित प्रणाली दुर्घटनाओं की रोकथाम और समग्र परिचालन सुरक्षा को सुदृढ़ करने का एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहाकि डिजिटल परिवर्तन भारतीय रेलवे केलिए एक प्रमुख फोकस क्षेत्र बना रहा, जुलाई 2025 में रेलवन ऐप के शुरू होनेसे यात्रियों को टिकट बुकिंग, ट्रेन संबंधी जानकारी और शिकायत निवारण के लिए एक एकीकृत एवं सुविधाजनक मंच प्रदान हुआ है। इसके साथ ही टिकटिंग प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के निरंतर प्रयासों के तहत 3.04 करोड़ से अधिक संदिग्ध उपयोगकर्ता खातों को हटाया गया, जिससे रेलवे सेवाओं तक निष्पक्ष और समान पहुंच को बढ़ावा मिला है। उन्होंने कहाकि 35 गति शक्ति कार्गो टर्मिनलों के संचालन केसाथ अवसंरचना विकास को नई गति मिली है, लॉजिस्टिक्स दक्षता और मल्टी-मोडल एकीकरण में सुधार हुआ है।
रेलमंत्री ने कहाकि अमृत भारत स्टेशन योजना केतहत 119 स्टेशनों का पुनर्विकास किया गया है, जिसके परिणामस्वरूप आधुनिक सुविधाएं विकसित हुई हैं और यात्रियों के समग्र अनुभव में उल्लेखनीय सुधार आया है। रेलमंत्री ने कहाकि रणनीतिक रूपसे महत्वपूर्ण क्षेत्रोंमें भी कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया है, बैराबी–सैरांग रेल लाइन से आइजोल तक रेल संपर्क का विस्तार हुआ है, इससे पूर्वोत्तर क्षेत्र में रेलवे नेटवर्क और अधिक सुदृढ़ हुआ है, साथही प्रमुख पुल निर्माण परियोजनाओं ने जम्मू कश्मीर केलिए हर मौसम में निर्बाध रेल संपर्क सुविधा सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहाकि ये उपलब्धियां क्षमता विस्तार, आधुनिकीकरण, सुरक्षा संवर्धन और समावेशी विकास पर भारतीय रेलवे के निरंतर फोकस को स्पष्ट रूपसे दर्शाती हैं। उन्होंने कहाकि इस तरहसे रेलवे एक विकसित भारत की परिकल्पना के अनुरूप अधिक कुशल, प्रौद्योगिकी आधारित यात्री केंद्रित रेल नेटवर्क के निर्माण केलिए प्रतिबद्ध है।

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