भारत में अगले महीने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 की तैयारी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भारतीय एआई स्टार्टअप्स के साथ बैठकस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Friday 9 January 2026 03:34:15 PM
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय एआई स्टार्टअप्स केसाथ प्रधानमंत्री आवास 7 लोककल्याण मार्ग पर गोलमेज बैठक की। अगले महीने भारत में होनेवाली इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 केलिए फाउंडेशन मॉडल पिलर केतहत चयनित 12 भारतीय एआई स्टार्टअप्स ने गोलमेज बैठक में अपने विचार एवं कार्यक्रम प्रस्तुत किए। ये स्टार्टअप कई विविध क्षेत्रों में काम कर रहे हैं, इनमें भारतीय भाषा फाउंडेशन मॉडल, बहुभाषी एलएलएम, स्पीच-टू-टेक्स्ट, टेक्स्ट-टू-ऑडियो और टेक्स्ट-टू-वीडियो, ई-कॉमर्स, मार्केटिंग और वैयक्तिकृत सामग्री निर्माण केलिए जनरेटिव एआई का उपयोग करके 3डी सामग्री, इंजीनियरिंग सिमुलेशन, सामग्री अनुसंधान और विभिन्न उद्योगों में डेटा संचालित निर्णय लेने केलिए उन्नत एनालिटिक्स, स्वास्थ्य देखभाल निदान और चिकित्सा अनुसंधान प्रमुख हैं।
एआई स्टार्टअप्स ने भारत में कृत्रिम बुद्धिमत्ता इकोसिस्टम को बढ़ावा देने की भारत की मजबूत प्रतिबद्धता की सराहना की। उन्होंने एआई क्षेत्र की तीव्र वृद्धि और अपार संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए कहाकि एआई नवाचार और तैनाती का केंद्र अब भारत की ओर स्थानांतरित हो रहा है। एआई स्टार्टअप्स ने कहाकि भारत अब एआई विकास केलिए एक मजबूत और अनुकूल वातावरण प्रदान करता है, जिससे देश वैश्विक एआई मानचित्र पर मजबूती से स्थापित हो गया है। प्रधानमंत्री ने समाज में परिवर्तन लाने में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहाकि भारत अगले महीने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट की मेजबानी करेगा, जिससे देश प्रौद्योगिकी क्षेत्रमें एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहाकि भारत कृत्रिम बुद्धिमत्ता का लाभ उठाकर परिवर्तन लाने केलिए निरंतर प्रयास कर रहा है और एआई स्टार्टअप्स व एआई उद्यमी भारत के भविष्य के सहनिर्माता हैं। उन्होंने कहाकि देश में नवाचार और बड़े पैमाने पर कार्यांवयन दोनों की अपार क्षमता है। उन्होंने कहाकि भारत को दुनिया के सामने एक ऐसा अनूठा एआई मॉडल प्रस्तुत करना चाहिए, जो मेड इन इंडिया, मेड फॉर द वर्ल्ड की भावना को दर्शाता हो।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहाकि भारत पर दुनिया का विश्वास ही इसकी सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर बल दियाकि भारतीय एआई मॉडल नैतिक, निष्पक्ष, पारदर्शी और डेटा गोपनीयता सिद्धांतों पर आधारित हो। उन्होंने कहाकि भारतीय स्टार्टअप्स को वैश्विक नेतृत्वकर्ता बनने का काम करना चाहिए, जो विश्वस्तर पर किफायती एआई, समावेशी एआई और मितव्ययी नवाचार को बढ़ावा दे सकता है। उन्होंने सुझाव भी दियाकि भारतीय एआई मॉडल स्थानीय एवं स्वदेशी सामग्री और क्षेत्रीय भाषाओं को बढ़ावा देने वाले होने चाहिएं। बैठक में केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव, केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद, अवतार, भारतजेन, फ्रैक्टल, जीएएन, जीईएनएलओओपी, जीएनएएनआई, इंटेलीहेल्थ, सर्वम, शोध एआई, सॉकेट एआई, टेक महिंद्रा, जेडईएनटीईआईक्यू, भारतीय एआई स्टार्टअप्स के सीईओ और प्रतिनिधि उपस्थित थे।