गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पर ब्लेंडेड आतिथ्य सेवाओं का शुभारंभ
रेल मंत्री ने सैरांग और सिलचर केबीच नई ट्रेन को झंडी दिखाईस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Tuesday 10 February 2026 02:05:10 PM
गुवाहाटी। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रेल संपर्क को मजबूत और पूर्वोत्तर के विकास को नई गति देते हुए वीडियो कॉंफ्रेंसिंग से असम के गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पर ब्लेंडेड हॉस्पिटैलिटी सेवाओं का शुभारंभ कर दिया है। उन्होंने इस अवसर पर सैरांग और सिलचर केबीच नई ट्रेन सेवा को भी हरी झंडी दिखाई। इस दौरान मिजोरम के मुख्यमंत्री लालदुहोमा, सिलचर से सांसद परिमल सुकलाबैद्य, राज्यसभा सदस्य कनाद पुरकायस्थ और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। सैरांग में सिलचर पैसेंजर रेलगाड़ी मिजोरम की राजधानी को असम की बराक घाटी से सीधे जोड़ेगी। इससे क्षेत्रीय एकीकरण में सुधार होगा और विद्यार्थियों, दैनिक यात्रियों और मरीजों को सुरक्षित, तेज और आरामदायक यात्रा मिलेगी।
गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पर आधुनिक सुविधाएं यात्रियों के आराम को बढ़ाएंगी और बेहतर, स्वच्छ व ग्राहक अनुकूल यात्रा का अनुभव देंगे। इन सेवाओं में स्लीपिंग पॉड्स, आधुनिक एयर कंडीशन्ड लाउंज और मल्टी कुज़ीन रेस्टोरेंट शामिल हैं। ये सुविधाएं यह सुनिश्चित करती हैंकि यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और आरामदायक माहौल मिले, जिससे स्टेशन की कुल उपयोगिता बेहतर होगी। अश्विनी वैष्णव ने कहाकि केंद्र सरकार ने पिछले एक दशक में इस क्षेत्र केलिए रेल फंडिंग में काफी बढ़ोतरी की है, इसमें उत्तर-पूर्वी राज्यों केलिए केंद्रीय बजट 2026-27 में ₹11,486 करोड़ का रिकॉर्ड आवंटन किया गया है। उन्होंने कहाकि इस क्षेत्रमें लगभग ₹72,468 करोड़ की परियोजनाएं पहले से ही चल रही हैं, जो संपर्क सुविधा और अवसंरचना को बेहतर बनाने केलिए लगातार प्रयास को दिखाती हैं। केंद्रीय मंत्री ने कहाकि यह फोकस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विश्वास को दर्शाता हैकि पूर्वोत्तर का विकास विकसित भारत केलिए ज़रूरी है और हर क्षेत्रको एकसाथ आगे बढ़ना चाहिए।
अश्विनी वैष्णव ने कहाकि रेल संपर्क न केवल यात्रियों की आवाजाही को आसान बनाता है, बल्कि आर्थिक गतिविधि को भी बढ़ावा देता है, इससे सामान की आवाजाही आसान होती है, व्यापार को बढ़ावा मिलता है और स्थानीय उत्पादों केलिए बाज़ार खुलते हैं। अश्विनी वैष्णव ने बतायाकि बैराबी-सैरांग रेलवे लाइन मिजोरम की राजधानी को भारतीय रेलवे नेटवर्क से जोड़ती है। उन्होंने कहाकि इस रेल लिंक को अतिरिक्त ट्रेन सेवाओं केसाथ और बेहतर बनाया जाएगा, जिससे मिजोरम से असम और उससे आगे का संपर्क बेहतर होगा। उन्होंने बतायाकि सैरांग और सिलचर केबीच नई यात्री रेलगाड़ी सेवा क्षेत्रीय एकीकरण में काफी सुधार करेगी, इससे दक्षिणी असम, मिजोरम और उत्तर-पूर्व राज्यों के निवासियों को फायदा होगा। मुख्यमंत्री लालदुहोमा ने रेल मंत्री का आभार व्यक्त किया और मिजोरम असम को जोड़ने वाली विभिन्न रेल परियोजनाओं और प्रयासों की जानकारी दी, जिनसे इस क्षेत्र को फायदा होगा।
गौरतलब हैकि इस एक दशक में पूर्वोत्तर का रेलवे मानचित्र तेज़ी से विकसित हुआ है, लंबे समय से अटकी परियोजनाएं पूरी हुई हैं और राज्यों की राजधानियां धीरे-धीरे राष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़ रही हैं। पिछले वर्ष मिजोरम की 51 किलोमीटर लंबी बैराबी-सैरंग ब्रॉड-गेज लाइन शुरू होने से आइजोल पहलीबार भारत के रेल मानचित्र पर आया और अब सिलचर तक यात्री सेवाओं के विस्तार से यह संपर्क सुविधा और आगे बढ़ी है। इससे पूरे क्षेत्रमें आवाजाही बेहतर होगी और विकास को बढ़ावा मिलेगा।