सर्वाधिक वर्षा पलिया कला में

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लखनऊ। उत्तर प्रदेश में कई नदियों के जलस्तर में वृद्धि हो रही है। कई नदियों का जलस्तर स्थिर बना हुआ है। इस अगस्त में आज तक सर्वाधिक वर्षा शारदा नदी क्षे़त्र के पलियाकला (लखीमपुर खीरी) क्षेत्र में 148 मिमी रिकार्ड की गई, वहीं राप्ती नदी क्षेत्र के काकर धारी (बहराइच), भिनगा (श्रावस्ती), कुआनों नदी क्षेत्र के चन्द्रदीपघाट (महाराजगंज) और मुखलिसपुर (संतकबीर नगर) में कोई वर्षा नही हुई।
सिंचाई विभाग के केन्द्रीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष की सूचना के अनुसार गंगा नदी का जलस्तर फतेहगढ़ में खतरे के निशान से 0.48 मीटर नीचे है और नदी की प्रवृत्ति घटाव की ओर है। इसी प्रकार रामगंगा नदी का जलस्तर डाबरी में खतरे के निशान से 0.32 मीटर नीचे, शारदा का जलस्तर पलियाकला मे खतरे के निशान से 0.12 मीटर, घाघरा का जलस्तर एल्गिनब्रिज में 0.14 मीटर और अयोध्या में 0.12 मीटर खतरे के निशान से नीचे चल रहा है। प्रदेश में गंगा का जलस्तर गुमटिया (कन्नौज), अंकिनघाट (रमाबाई नगर), कानपुर नगर, डलमऊ (रायबरेली), फाफमऊ (इलाहाबाद), मिर्जापुर, वाराणसी, गाजीपुर में बढ़ रहा है।
इसी प्रकार यमुना नदी का जलस्तर मथुरा, काल्पी (जालौन) और हमीरपुर मे बढ़ रहा है। शेष सभी नदियों के जलस्तर में घटाव की प्रवृत्ति है। नियंत्रण कक्ष के अनुसार गंगा नदी का जलस्तर आज मुमटिया में 124.97 मीटर पर है, जो खतरे के निशान से एक मीटर नीचे है। कल तक इस क्षेत्र में नदी के जलस्तर बढ़ने की संभावना है। नदियों की स्थिति पर केन्द्रीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष से निरंतर नजर रखी जा रही है। सभी बाढ़ चैकियों को सतर्क कर दिया गया है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश में कुछ स्थानों पर हल्की वर्षा होने की संभावना है।

 

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