एनएसएस पुरस्कारों में चण्डीगढ़ भी आमंत्रित

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चण्डीगढ़। एनएसएस स्वयंसेवकों और इकाईयों की समाज सेवा को मान्यता प्रदान करने के लिए भारत सरकार के युवा मामलों और खेल मंत्रालय ने इंदिरा गांधी एनएसएस पुरस्कार 2009-10 के लिए नामांकन आमंत्रित किए हैं। पहली बार चण्डीगढ़ एनएसएस सेल से इस पुरस्कार के लिए नामांकन भेजे जाएंगे।
चण्डीगढ़ एनएसएस सेल के स्टेट लाइजन ऑफिसर विक्रम राणा ने बताया कि पुरस्कार तीन श्रेणियों के अंतर्गत दिए जाएंगे, यूनिवर्सिटी+2 (राज्य स्तरीय) एक पुरस्कार 1 लाख रूपये का, प्रोग्राम ऑफिसर छह पुरस्कार 10,000 हजार रूपये प्रत्येक, एनएसएस यूनिट छह पुरस्कार 35,000 रूपये प्रत्येक, बेस्ट एनएसएस स्वयंसेवकों के लिए 16 पुरस्कार 8000 रूपये प्रत्येक। पुरस्कार के लिए नामांकन राज्य स्तरीय चयन समिति की सिफारिश के साथ भेजे जाएंगे।
चयन समिति की सिफारिश के बिना भेजे गए नामांकनों को निरस्त कर दिया जाएगा। नामांकन करने वालों का समाज सेवा, धार्मिक सहनशीलता और सामाजिक मुद्दों के समाधान में सुधार पर आधारित कार्यक्रमों में भाग लेना आवश्यक है। उच्च शिक्षा निदेशक अजोय शर्मा ने बताया कि चण्डीगढ़ एनएसएस सेल ने इससे पहले कभी भी पुरस्कार के लिए नामांकन नहीं भेजा है परन्तु चण्डीगढ़ एनएसएस सेल के सामुदायिक चिंता के प्रत्येक क्षेत्र में बेहतर कार्य करने के कारण इस बार हम नामांकन भेजेंगे। उन्होंने आशा जताई कि इस बार चण्डीगढ़ को एक या दो पुरस्कार अवश्य मिलेंगे।
नामांकन प्राप्त करने की अंतिम तिथि 30 जुलाई है। पुरस्कार वितरण समारोह 24 सितंबर को एनएसएस डे के अवसर पर नई दिल्ली में होगा। एनएसएस स्वयंसेवकों के सामुदायिक सेवाओं में दिए गए योगदान को मान्यता देने के लिए युवा मामले और खेल मंत्रालय ने 1992-93 में इस पुरस्कार की शुरूआत की थी। तब से सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से इस पुरस्कार के लिए नामांकन मांगे जाते हैं।

चण्डीगढ़ में आंखों की चिकित्सा
चण्डीगढ़। चण्डीगढ़ में लोगों को उनके द्वार पर ही आंखों से संबंधित चिकित्सा सेवाएं प्रदान करने के लिए राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत चार विजन केंद्रों को चालू किया गया है। ये विजन केंद्र सिविल डिस्पेंसरी-इंडस्ट्रीयल एरिया, सिविल डिस्पेंसरी-38, सिविल डिस्पेंसरी-34 और पॉली क्लीनिक-45 में स्थित हैं। विजन केंद्र में विजिटिंग नेत्र विशेषज्ञ से रोगियों को निःशुल्क उपचार और औषधि के रूप में सेवाएं दी जा रही हैं और जहां कहीं आवश्यकता होती है वहां रोगियों को जीएमएसएच-16 में रेफर किया जाता है। जीएमएसएच-16 में नेत्र ओपीडी में इन रोगियों को प्राथमिकता दी जाती है। इन विजन केंद्रों के माध्यम से चण्डीगढ़ की मौजूदा स्वास्थ्य सेवाओं में और इजाफा होगा।
यूटी स्वास्थ्य सेवा निदेशक डॉ मंजीत सिंह बेंस ने बताया कि इस योजना का उद्देश्य चण्डीगढ़ वासियों को बेहतर नेत्र चिकित्सा प्रदान करना है। उन्होंने बताया कि ये विजन केंद्र गत दो महीने से चालू हैं और करीब 800 मरीज इन केंद्रों के दिए जाने वाले निःशुल्क उपचार का लाभ उठा चुके हैं। डॉ बेंस ने आगे बताया कि बारिश के मौसम के दौरान आई फ्लू एक सामान्य रोग है और इसका उपचार करने के लिए विजन केंद्रों को पूरी तरह तैयार किया गया है।

 

चंडीगढ़ में व्यवसायिक शिक्षा को बढ़ावा

चण्डीगढ़। यूटी चण्डीगढ़ तकनीकी शिक्षा निदेशालय ने कुशल जनशक्ति और इंड्स्ट्रियल की उत्पादकता बढ़ाने के लिए अपने आप को समर्पित किया है जिससे सिटी ब्यूटीफुल के लोगों के जीवन स्तर में सुधार हो। औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान सेक्टर-28, चण्डीगढ़ 100 आईटीआई में से एक श्रम और रोजगार मंत्रालय नई दिल्ली योजना की उत्कृष्टता केंद्र के तहत चयनित है। इंस्टीट्यूट में ऑफर किए गए कोर्सो की परर्फोमेंस के बारे में तकनीकी शिक्षा निदेशक संदीप हंस ने कहा कि ‘संस्थान ने अगस्त 2005 में ऑटोमोबाइल सेक्टर में एक सर्टिफिकेट कोर्स बढ़ाया है। जिससे जनता को बहुत अच्छी प्रक्रिया मिले।
संदीप हंस ने कहा कि चण्डीगढ़ के सेक्टर-11 का गवर्नमेंट सेंटर क्रॉफ्ट इंस्टीट्यूट फॉर वूमन को उन 1396 आईटीआई में से एक है जिन्हें श्रम और रोजगार मंत्रालय ने पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप से अपग्रेडेशन के लिए चुना है। भारत की अपग्रेडेशन के लिए आईडीएस इंर्फोटेच को चुना गया और एक इंड्स्ट्रीज मैनेजमेंट कमेटी का गठन किया गया। इस कमेटी को सोसायटी के तौर पर पंजीकृत करवाया गया। ज्ञापन तीन पार्टनर पार्टियों को साइन किया गया था जिसमें शामिल थे, केंद्रीय सरकार चंडीगढ़ प्रशासन और उद्योग पार्टनर। ब्याज रहित ऋण 2.5 करोड़ रूपये भारत सरकार ने आईएमसी समाज के लिए जारी किया था ‘वेब डिजाइनिंग जैसे विभिन्न पाठ्यक्रमों के लिए वर्तमान में हस्ताक्षर किए गए थे। (लेवल 1) में अग्रिम वेब (द्वितीय स्तर) डिजाइनिंग और टैली (लेखा) इस संस्थान में चलाए जा रहे हैं और 42 छात्रों को इन पाठ्यक्रमों में प्रशिक्षण मिल रहा है।
दसवीं पंचवर्षीय योजना के दौरान तकनीकी शिक्षा संस्थानों और छात्रों की कुल संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। भारत सरकार एक नए कौशल विकास की पहल (एसडीआई) के तहत श्रमिकों/स्कूल ड्रॉपआउट को प्रशिक्षित कर रही है और अपने कौशल का परीक्षण और उन्हें मॉड्यूलर रोजगार कौशल (एमईएस) पर आधारित सर्टिफिकेट दे रही है। ग्यारहवीं पंचवर्षीय योजना के दौरान एमएचआरडी की कम्यूनिटी डेवलपमेंट थ्रो पॉलीटेनिक्स (सीडीटीपी) नामक प्रोजेक्ट स्कीम को पॉलीटेक्निक से लागू किया जाएगा जिससे कि साइंस और टैक्नोलोजी की मदद से कौशल विकास और कम्यूनिटी डेवलपमेंट हो सके। केंद्र सरकार को सर्विसिंग (4 व्हीर्ल्स), कंप्यूटर फंडामेंटल एमएस-ऑफिस, इंटरनेट, सॉफ्ट कौशल, प्रारंभिक इलेक्ट्रीकल, हाउस वाइरिंग, प्रारंभिक रिफरीजरेशन और एयर कंडीशनिंग, वैडिंग, बेसिक इलेक्ट्रोनिक्स, बेसिक वुड वर्क, सेल्यूअर फोन की रिपेयर और मैटेनेंस, टैली, मशीनी कढ़ाई, टैलर, बेसिक सुन्दरता और हेयर ड्रैसिंग चण्डीगढ़ के चार व्यवसायी संस्थानों में चण्डीगढ़ कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (डिप्लोमा विंग), सेक्टर 26, इंड्स्ट्रीयल ट्रैनिंग इंस्टीट्यूट, सेक्टर 28, गवर्नमेंट सेटर्ल क्रॉफ्ट इंस्टीट्यूट फॉर वूमन, सेक्टर 11 और पॉलीटेक्निक फॉर वूमन सेक्टर 10 में चलाए जा रहे हैं।
संदीप हंस रिस्पोंस और गारर्नेड के शेयरों के बारे में उत्साहित हैं, इस स्कीम को 2008-09 में शुरू किया गया था और 1600 व्यक्ति प्रशिक्षिण ले चुके हैं और 800 प्रशिक्षण दौर से गुजर रहे हैं। केंद्र सरकार के टेक्नीकल एज्यूकेशन की तरफ झुकाव को देखते हुए लगता है कि आने वाले समय में चंडीगढ़ इन क्षेत्रों में अहम भूमिका निभाएगा।

शिक्षा विभाग की व्यवसायिक प्रदर्शनी
चण्डीगढ़। चण्डीगढ़ प्रशासन के शिक्षा विभाग ने एक एग्जीबिशन-कम-सेल संगठित की है जिसका उद्घाटन यूटी चण्डीगढ़ प्रशासक के सलाहकार ने किया। कई सरकारी स्कूलों के व्यवसायिक पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों ने विभिन्न शिल्प सामग्री की किस्मों जैसे हैंड पेंटेड, ब्लॉक एंड स्क्रीन प्रिंटेड लीलिन, सूती सूट, बच्चों और किशोरों के कपड़ों के अलावा बैडशीट, बैड कवर्स को सामने रखा। यह एग्जीबिशन-कम-सेल सेक्टर-18 के पंचायत भवन में दो दिन के लिए लगी रहेगी।
प्रदर्शित आइटम फैशन डिजाइनिंग, क्लॉथ कंट्रेक्शन, टैक्सटाइल डिजाइनिंग और प्रिंटिंग व्यवसायिक कोर्सो में पढ़ रहे विद्यार्थियों ने तैयार किए गए थे। पहला एग्जीबिशन-कम-सेल वर्ष 1990 में संगठित किया गया था जब ये पाठ्यक्रम बहुत कम स्कूलों में चल रहे थे और आज फैशन डिजाइनिंग और वस्त्र निर्माण जैसे व्यवसायिक पाठ्यक्रम 9 गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में चलाया जा रहा है और टैक्सटाइल डिजाइनिंग एंड प्रिंटिंग व्यवसायिक पाठ्यक्रम दो सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में चलाया जा रहा है।
डीपीआई (स्कूल्स) सुनिल भाटिया ने सलाहकार के साथ प्रदर्शनी का निरीक्षण करते हुए बताया कि उत्पाद विद्यार्थियों ने 45 दिनों के ऑन जॉब ट्रेनिंग के दौरान बनाए गए (12वीं की परीक्षा के बाद)। वास्तविक कार्य की स्थिति स्कूल वर्कशॉप और अध्यापकों की देख-रेख में बनती है। इन दिनों विद्यार्थी डिजाइनिंग के कौशल, कटिंग और सिलाई का अभ्यास और कई आयु वर्ग के और टेस्टेज के अनुसार उत्पादों की किस्मों को तैयार करते हैं।
सलाहकार ने प्रत्येक स्टॉल पर रूक कर विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ाया और अपनी प्रक्रिया दी। हेल्थ केयर और ब्यूटी कल्चर के विद्यार्थी, होटल मैनेजमेंट और कैटरिंग टैक्नोलाजी, फूड सर्विस एंड मैनेजमेंट और बेकरी एंड कंफैक्शनरी व्यवसायिक पाठ्यक्रमों के स्टॉल भी यहां लगाए गए हैं। इसके अलावा एक गाइडेंस कॉमर भी स्थापित किया गया है जहां पर स्कूलों से आए हुए कॉउन्सर्ल्स विभिन्न व्यवसायिक कोर्सो के बारे में जनता को जागरूक करेंगे। सलाहकार ने इस मौके पर कहा कि यह विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ाने के लिए एक अच्छा प्लेटफॉर्म है और उन्हें अपने इंट्राप्रिन्योर कौशल में और विक्रेताओं के आमने-सामने आने में सहायक है। यह प्रयास व्यवसायिक पाठ्यक्रमों को लोकप्रिय बनाने में काफी सहायक सिद्ध होगा।

 

पाटिल का खास पोशाक और तलवार के साथ सम्मान

चण्डीगढ़। पंजाब के राज्यपाल और यूटी चण्डीगढ़ के प्रशासक शिवराज वी पाटिल को महाराष्ट्र में सच खंड हजूर साहिब (नांदेड) में खास पोशाक और तलवार के साथ सम्मानित किया गया। यह पोशाक केवल उन्हीं को दी जाती है जिन्होंने गुरूद्वारा के संपूर्ण विकास के लिए निःस्वार्थ सेवा की हो। शिवराज पाटिल ने जब वे केंद्रीय गृह मंत्री और गुरू-ता-गद्दी दिवस समिति के चेयरमैन थे, विश्व स्तर पर गुरू-ता-गद्दी दिवस के तीनसौ वें साल समारोह को बढ़ावा देने और गुरू ग्रंथ साहिब के संदेश के बारे में लोगों के बीच जागरूकता फैलाने के लिए निःस्वार्थ भाव से सहयोग दिया।
इससे पहले शिवराज पाटिल ने सच खंड हजूर साहिब (नांदेड) में श्रद्धा प्रकट की और पूर्व डीजीपी पीएस पसरीचा, जो गुरूद्वारा प्रबंधक समिति के प्रशासक भी हैं, के साथ गुरू ग्रंथ साहिब भवन का दौरा किया। इसके पश्चात शिवराज पाटिल गोविन्द बाग देखने गए जोकि 8 एकड़ भूमि में विकसित किया गया है और जिसका उद्घाटन करना अभी बाकी है। बाग को आकर्षक बनाने के लिए विशेष प्रभावों के साथ इसे सुसज्जित किया गया है। खास बात यह है कि गार्डन में आधुनिक इलेक्ट्रानिक तकनीकों के प्रयोग से हमारे गुरूओं की विचारधारा का प्रचार किया जाएगा। गार्डन में एक घंटे से ज्यादा समय बिताने के बाद शिवराज पाटिल ने कहा कि यह गार्डन हमें भक्ति और संपूर्ण मानव जाति के प्रति प्रेम का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि यह अनुभव पूरे देश में अपने जैसा पहला अनुभव होगा।

सेल्स टैक्स रिटर्नो की जांच
चण्डीगढ़। एक्साइज और टैक्सेशन विभाग के फर्मो की सेल्स टैक्स रिटर्न की जांच करने के लिए चण्डीगढ़ में ‘ऑडिट और इनवेस्टिगेशन विंग’ की स्थापना के विचार ने लाभ देना शुरू कर दिया है। यूटी एक्साइज आयुक्त बृजेंद्र सिंह ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2009-10 के दौरान विंग ने कुल 132 सेल्स टैक्स रिटर्नो की जांच की, इनमें से 13 फर्मो से संबंधित लगभग 52 अनियमितताओं का पता लगाया गया, डिफॉल्टर्स पर लगभग 2 करोड़ रूपये से अधिक की वैट मांग सृजित की और इस राशि से यूटी खजाने में इजाफा हुआ।
उन्होंने बताया कि विंग की स्थापना से व्यापारियों पर भी काफी प्रभाव पड़ा है। अब वे जाली सेल टैक्स रिटर्न भरने से बचने लगे हैं। इसके अलावा इससे काफी हद तक वैट चोरी को रोकने में भी सहायता मिली है। व्यापारियों की तिमाही सेल टैक्स रिटर्नो की जांच, ऑडिटिंग और निरीक्षण करने के लिए विंग में यूटी के दो एक्साइज और टैक्सेशन अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। इससे पहले ऑडिटिंग का कार्य बाहरी टीम से कराया जाता था किन्तु अब यह कार्य बाहरी और आंतरिक दोनों ऑडिटिंग टीमों से कराया जा रहा है।

पॉलिथीन के खिलाफ अभियान
चण्डीगढ़। साउथ सब डिविजन ने पॉलिथीन बैग्स पर रोक लगाने का अभियान चलाया और जांच के दौरान सेक्टर-38 और अपनी मंडी सेक्टर-39 से 40 किलो पॉलिथीन बैग्स जब्त किए गए। अभियान स्वास्थ्य विभाग के सैनिटरी इंस्पेक्टर ने इनफोर्समेंट स्टॉफ के साथ चलाया था। पॉलिथीन बैग्स पर रोक के लिए इस प्रकार के अभियान भविष्य में भी चलाए जाएंगे।

डिप्टी डिस्ट्रिक्ट अटोर्नी
चण्डीगढ़। संघ लोक सेवा आयोग की विभागीय पदोन्नति समिति की सिफारिशों के आधार पर चण्डीगढ़ प्रशासन ने लॉ एंड प्रोसिक्यूशन विभाग में असिस्टेंट डिस्ट्रिक्ट अटोर्नी जगमोहन सिंह की डिप्टी डिस्ट्रिक्ट अटोर्नी के रूप में पदोन्नति की है। वह एक वर्ष की प्रोबेशन अवधि पर होंगे।
 

जनगणना में सहयोग करें

चण्डीगढ़। जनगणना 2011 के सफलतापूर्वक संचालन के लिए चण्डीगढ़ प्रशासन ने शहरवासियों से जनगणना अधिकारियों के साथ सहयोग करने का अनुरोध किया है। गौरतलब है जनगणना 2011 के लिए 15 अप्रैल को शहर में हाउस लिस्टिंग ऑपरेशन और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर बनाने का कार्य शुरू हुआ था, जोकि 31 मई, २010 तक चलेगा। इस बार केवल नंबरों को ही एकत्रित नहीं किया जा रहा बल्कि काफी विस्तृत जानकारी इकट्ठी की जा रही है इसीलिए चण्डीगढ़ प्रशासन ने शहरवासियों से जनगणना अधिकारियों को सही और सटीक सूचना प्रदान करने की अपील की है।
लोगों के रहने-सहने की स्थितियों का निरीक्षण करने के लिए एकत्रित की जा रही सूचनाओं में घर की सुख-सुविधाएं और संपत्ति संबंधी जानकारी प्राप्त की जा रही है। जनगणना अधिकारी नागरिकता अधिनियम 1955 और नागरिकता (नागरिकों का पंजीकरण और राष्ट्रीय पहचान-पत्र जारी करना) नियम 2003 के प्रावधानों के तहत सूचना इकट्ठी करेंगे। जनगणना 2011 के लिए राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) में सभी भारतवासियों, चाहे भारत के नागरिक हों या न हों, की विस्तृत जानकारी होगी। एनपीआर से सरकार को वो सभी आंकड़े उपलब्ध होंगे जिसके माध्यम से यूनीक आईडेंटिफिकेशन ऑथोरिटी ऑफ इंडिया को यूनीक आईडेंटिफिकेशन (डीआईडी) जारी करने में मदद मिलेगी।

आतंकवाद विरोधी शपथ ली
चण्डीगढ़। यूटी प्रशासक के सलाहकार प्रदीप मेहरा ने 'आंतक विरोधी दिवस' पर सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को आतंकवाद विरोधी शपथ दिलाई। पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की 18वीं पुण्यतिथि को पूरे देश में आतंक विरोधी दिवस के रूप में मनाया जाता है। शपथ ग्रहण समारोह सेक्टर-9 स्थित यूटी सचिवालय में आयोजित किया गया। अधिकारियों ने भारत वर्ष की अहिंसा एवं सहनशीलता की परंपरा में दृढ़ विश्वास रखने और सभी प्रकार के आतंकवाद और हिंसा का डटकर विरोध करने की शपथ ली। उन्होंने मानव जाति के सभी वर्गो के बीच शान्ति, सामाजिक सद्भाव तथा सूझबूझ कायम करने और मानव जीवन के मूल्यों को खतरा पहुंचाने वाली विघटनकारी शक्तियों से लड़ने की भी शपथ ली। शपथ ग्रहण समारोह में यूटी गृह सचिव राम निवास, संयुक्त वित्त सचिव संदीप हंस, चीफ आर्किटेक्ट सुमित कौर और चण्डीगढ़ प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

हंसपाल ने योजनाओं का जायजा लिया
चण्डीगढ़। राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य एचएस हंसपाल ने चण्डीगढ़ में कार्यान्वित स्कार्लशिप और कल्याणकारी योजनओं को जायजा लिया। उन्होंने प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की और अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा के संबंध में बातचीत भी की। उन्होंने अल्पसंख्यकों की सामाजिक विकास में भागीदारी पर भी चर्चा की।
हसंपाल ने चण्डीगढ़ प्रशासन के कामकाज की सराहना की। समाज कल्याण विभाग ने अल्पसंख्यक समुदाय के अधिकारों की रक्षा और सुरक्षा में जो भूमिका निभाई है उसकी भी हंसपाल ने खूब प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि चण्डीगढ़ में कल्याणकारी योजनाओं को बहुत ही योजनाबद्ध तरीके से कार्यान्वित किया गया है, लेकिन सदा ही सुधार की गुंजाईश बनी रहती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अल्पसंख्यकों की सामाजिक-आर्थिक हालात में सुधार लाने के लिए शिक्षा एक महत्वपूर्ण हथियार है। उन्होंने शहर के मदरसों को उच्च स्तर का बनाने पर जोर दिया और पंजाबी भाषा को शहर की दूसरी भाषा का दर्जा देने की बात भी कही।

 

रेल कर्मियों के लिए जागरूकता कार्यक्रम

चंडीगढ़। चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन पर आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान चंडीगढ़ रेलवे कर्मियों के दूसरे बैच को एचआईवी/एड्स से संबंधित जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रम में इंजीनियरिंग विभाग के लाइनमैन, गार्डमैन और गेटमैन सहित 110 कर्मचारी शामिल हुए। चंडीगढ़ स्टेट एड्स कंट्रोल सोसायटी की परियोजना निदेशक डॉ वनीता गुप्ता ने बताया कि रेलवे कर्मियों के बीच जागरूकता उत्पन्न करने के लिए चंडीगढ़ स्टेट एड्स कंट्रोल सोसायटी के विभिन्न्‍ा प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं इसी कड़ी में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। स्टेशन अधीक्षक डीके मीना ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि लोगों को एचआईवी/एड्स के बारे में जागरूक करना बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि केवल जागरूकता के माध्यम से ही इस बीमारी को फैलने से रोका जा सकता है। इस मौके पर एचआईवी/एड्स के फैलने के तरीकों और बचाव से संबंधित नाटक का मंचन भी किया गया।

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