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वेंकैया नायडू ने ली उपराष्ट्रपति पद की शपथ

एक किसान से लेकर विख्यात राष्ट्रवादी नेता की पहचान

नरेंद्र मोदी ने वेंकैया नायडू पर व्यक्त किए उद्गार

स्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम

Friday 11 August 2017 05:10:57 AM

ram nath kovid administering the oath of office of the m venkaiah naidu

नई दिल्ली। किसान, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, भारतीय जनता पार्टी से एक प्रखर राष्ट्रवादी की पहचान से विख्यात राजनेता मुप्पवरपु वेंकैया नायडू आज देश के 13वें उपराष्ट्रपति हो गए। राष्ट्रपति रामनाथ कोविद ने राष्ट्रपति भवन के दरबार हॉल में आयोजित एक सादे समारोह में उन्हें पद की हिंदी में शपथ दिलाई। इसीके साथ वह राज्यसभा के सभापति भी बन गए हैं। वेंकैया नायडू ने मोहम्मद हामिद अंसारी का स्‍थान लिया है, जिन्होंने अगस्त 2007 से लगातार दो कार्यकाल के लिए इस पद पर सेवा दी है और जिनका कल उपराष्ट्रपति पद का कार्यकाल समाप्त हो चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एम वेंकैया नायडू का राज्यसभा के सभापति के तौर पर स्वागत किया और उनके बारे में उद्गार व्यक्त किए। नरेंद्र मोदी ने कहा कि वह देश के पहले उपराष्ट्रपति हैं, जिनका जन्म स्वतंत्र भारत में हुआ है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से राज्यसभा में रहने के कारण वेंकैयाजी को वृहद संसदीय ज्ञान है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि चाहे मनमोहन सिंह सरकार के सांसद रहे हों या मेरी सरकार के सांसद हों, सभी जानते हैं कि प्रधानमंत्री सड़क योजना हमारे नए उपराष्ट्रपति नायडूजी की देन है। प्रधानमंत्री ने कहा कि इस वक्त देश के सभी शीर्ष पदों पर विभिन्न पृष्ठभूमियों के महानुभाव विराजमान हैं, जिसमें हमारे संविधान की परिपक्वता नज़र आती है। उन्होंने कहा कि मेरी सरकार में शहरी विकास मंत्री रहते हुए भी वेंकैयाजी ग्रामीण तथा कृषि मंत्रालयों के कार्यों में रुचि लेते रहे, आखिर वे किसान के बेटे हैं, उन्होंने हमेशा ग्रामीण भारत के विकास के बारे में बात की है। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के उम्मीदवार के रूप में वेंकैया नायडू ने पांच अगस्त को हुए भारत के उपराष्ट्रपति के चुनाव में विपक्षी दलों के साझा उम्मीदवार गोपालकृष्ण गांधी को हराया था। वेंकैया नायडू उपराष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद महात्मा गांधी की समाधि राजघाट गए और पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर जाकर उन्हें माल्यार्पण किया।
अड़सठ वर्षीय वेंकैया नायडू उपराष्ट्रपति बनने से पहले तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्रिमंडल का महत्वपूर्ण हिस्सा रहे हैं। वे 2002 से 2004 तक भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुके हैं। केंद्र सरकार में विभिन्न विभागों के मंत्री रहे हैं। वेंकैया नायडू का जन्म 1 जुलाई 1949 को आंध्र प्रदेश के नेल्लोर जिले के चावटपलेम गांव में एक कम्मू परिवार में हुआ था। उन्होंने वीआर हाईस्कूल नेल्लोर से स्कूली शिक्षा ली और वीआर कॉलेज से राजनीति तथा राजनयिक अध्ययन में प्रथम श्रेणी में स्नातक हुए। उन्होंने आंध्र विश्वविद्यालय विशाखापत्तनम से कानून में स्नातक की डिग्री हासिल की और 1974 में आंध्र विश्वविद्यालय छात्रसंघ के अध्यक्ष निर्वाचित हुए। वे कुछ दिनों तक आंध्र प्रदेश के छात्र संगठन समिति के संयोजक भी रहे हैं।
वेंकैया नायडू की पहचान हमेशा एक 'जनांदोलनकारी' के रूप में रही है। वे 1972 में जय आंध्र आंदोलन के दौरान पहली बार सुर्खियों में आए। उन्होंने नेल्लोर के जनांदोलन में विजयवाड़ा से नेतृत्व किया। एम वेंकैया नायडू ने छात्र जीवन में लोकनायक जयप्रकाश नारायण की विचारधारा से प्रभावित होकर आपातकालीन संघर्ष में हिस्सा लिया। वे आपातकाल के विरोध में सड़कों पर उतर आए और जेल भी जाना पड़ा। आपातकाल के बाद वे 1977 से 1980 तक जनता पार्टी की युवा शाखा के अध्यक्ष भी रहे और वर्ष 2002 से 2004 तक भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का उत्तरदायित्व निभाया। वे अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री रहे और नरेंद्र मोदी सरकार में भी शहरी विकास, आवास तथा शहरी गरीबी उन्‍मूलन तथा संसदीय कार्यमंत्री रहे।
वेंकैया नायडू 1978-85 तक आंध्र प्रदेश विधानसभा के दो बार सदस्य रहे, 1980-1985 तक आंध्र प्रदेश भाजपा विधायक दल के नेता रहे, 1985-1988 तक आंध्र प्रदेश राज्य भाजपा के महासचिव रहे, 1988-1993 तक आंध्र प्रदेश राज्य भाजपा के अध्यक्ष रहे। वेंकैया नायडू 2000 में भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव, भाजपा संसदीय बोर्ड के सचिव, भाजपा केंद्रीय चुनाव समिति सचिव, भाजपा के प्रवक्ता रहे। वे 1998 के बाद कर्नाटक से तीन बार राज्यसभा सदस्य रहे। वे 26 मई 2014-2017 तक शहरी विकास, गृहनिर्माण एवं गरीबी निवारण और संसदीय मामलों के केंद्रीय मंत्री एवं केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री रहने के बाद 5 अगस्त 2017 को भारत के उपराष्ट्रपति निर्वाचित हुए और आज 11 अगस्त 2017 को उन्होंने भारत के तेरहवें उपराष्ट्रपति पद की शपथ ग्रहण की। शपथ ग्रहण के अवसर पर मोदी मंत्रिमंडल के सदस्य, न्यायाधीश, सांसद, गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

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